धर्म तोड़ता नहीं
जोड़ता है``, यह कहावत जिसने भी कही है सटीक है। प्रेम, पवित्रता
और परिणय इसी सकारात्मक जोड़ की अगली कडी है जो एक-दूसरे में
इस प्रकार गुंथी है कि एक को तोड़ देने से दूसरे का वजूद स्वत:
ही नश्ट हो जाता है और सच्चे हृदय से एक-दूसरे को प्यार करने
वाले इंसानों को जाति, धर्म और सम्प्रदाय के खांचे में ढ़केल
कर पवित्र प्रेम पर कुल्हाड़ी चलाते हुये परिणय के अंजाम तक पहुंचने
से पहले ही दो दिलों की ऑखों से खुन के आसू छलका देता है। आये
दिन ऐसी खबरें स्थानीय अखबारों की हेडलाइन बनती हैं कि फलॉ जाति
धर्म की लड़की ने दूसरे जाति-धर्म के लड़के से ‘ाादी कर ली और
उसे जाति धर्म अथवा गॉव की पंचायत ने खुलेआम 100 कोड़े लगाये
या उन्हें मार पीटकर अलग कर दिया गया अथवा अमानवीय तरीके से
बर्बरता पूर्वक इन जोड़ों की हत्या कर दी गयी।
इससे पूर्व हमारी तमाम फिल्मों के सब्जेक्ट भी कुछ ऐसे रहे जिनमें
इस अमानवीय कृत्य के खिलाफ आवाज बुलंद की गयी अथवा बार-बार यह
संदेश दिया जाता रहा कि कम से कम इस 21 वीं सदी के इंसान को
तो कबीर के पे्रम का ढाई आखर पढ लेना चाहिये !
``बाम्बे`` व ``गदर`` जैसी अनेकों सुपर हिट
फिल्मों में कुछ ऐसे ही संदेश रहे।
बहरहाल किसी जमाने में फिल्म का यह पुराना गाना -``चॉदी की दीवार
ना तोड़ी प्यार भरा दिल तोड़ दिया`` गाया जाता रहा होगा परन्तु,
बदलते हुये जमाने में ऐसे तमाम साहसी भी हैं जिन्होंने चॉदी
की दीवार ढहाते हुये प्यार भरे दिल को अपने दिल में सहेज लिया
है। इसी गम्भीर विशय को `` तेरे मेरे बीच में`` के नाम से टाक
‘ाो के जरिये स्टार प्लस पर कुछ चुनिंदा हस्तियों के साथ अपने
रेड चिलीज प्रोडक्शन के बैनर तले अगले माह दशZकों के समक्ष हाजिर
हो रहे हैं गौरी के पति फिल्म अभिनेता ‘ााहरूख खान। पहली बार
अन्तर्जातीय विवाह पर आधारित इस टाक ‘ाो में फिल्म जगत की वे
बड़ी हस्तियां ‘ाामिल होंगी जिन्होंने धर्म-सम्प्रदाय रूपी चॉदी
की दीवार को ढहाते हुये प्यार भरे दिल को सहेजा है। ‘ाुरू से
ही बेहद महत्वाकांक्षी और जमीनी समक्ष वाले ‘ााहरूख खान ने अपने
इस टाक ‘ाो को सफल बनाने के लिये चुन-चुन कर लोगों को सहेजा
है। इस ‘ाो में फिल्म निर्देशक शिशिर कुंदे की पत्नी फिल्म जगत
की मशहुर हस्ती फराह खान एंकर बनी हैं। टाक ‘ाो में प्रमुख रूप
से सैफ अली खान की भावी पत्नी करीना कपूर, अवंतिका के पति इमरान
खान मौजूद हैं साथ ही मशहूर भोजपुरी गायिका कल्पना व उनके पति
परवेज खान भी इस ‘ाो में शिरकत कर रहे है। टाक ‘ाो के जरये अंतर्जातीय
विवाहों से सम्बन्धित तमाम पहलुओं पर प्रकाश डालते हुये यह भी
दशाZनें की कोशिश की गयी है कि इन बड़ी हिस्त्यों ने अपने प्यार
की ताकत से एक ऊंचा मुकाम कैसे हासिल किया जैसे ‘ााहरूख खान
की संलता के पीछे उनकी पत्नी गौरी का बड़ा हाथ है उसी तरह भोजपुरी
गायिका कल्पना के पीछे परवेज खान का पूर्ण समर्पण व सहयोग भी
काफी महत्वपूर्ण है। बहरहाल मजे की बात तो यह है कि ‘ााहरूख
ने काफी सोच समझ कर इन बड़ी हस्तियों के बीच में मशहूर भोजपुरी
गायिका कल्पना व उनके पति परवेज खान को ‘ाामिल किया है। दरअसल
बहुत कम लोग जानते होंगे की असम की मूल निवासी कलपना का हर निर्णय
एक जोखिम भरा साहस होता है। मूलत: असमी भाशा में संस्कारित 22
भाशाओं की जानकार कल्पना ने पहले तो इस मिथक को तोड़ा कि गायकी
के क्षेत्र में दूसरी भाशा के लोग सफल नहीं होते दूसरा उन्होंने
एक मुस्लिम चुवक परवेज खान से ‘ाादी कर यह भी दिखाया है कि अगर
दिल में साहस है तो जाति सम्प्रदाय रूपी चॉदी की दीवारों को
ढहाकर कैसे अपना प्यार पाया जा सकता है। इस तरह देखा जाय तो
हिन्दी बेल्ट में भोजपुरी के माध्यम से लोकप्रिय आसामी बाला
कल्पना ने जहॉ एक तरफ भाशा की दीवार को ढहाया है वहीं दूसरी
तरफ धर्म की दीवार को ढहाकर प्यार भरे दिल को सहेजने हुये समाज
में बाखूबी यह संदेश देने की कोशिश की है कि दुनियॉ में प्यार
से बड़ी कोई भाशा नहीं और इंसानियत से बड़ा कोई संप्रदाय नहीं।
वैसे देखा जाय तो बड़ी हस्तियों के बीच में एक अनोखे अंदाज से
कल्पना जैसी गायिका को प्रस्तुत करने के पीछे ‘ााहरूख का बहुत
बड़ा दिमाग छुपा हुआ है।
वैसे ‘ााहरूख जी परेशान मत होइये आपका यह टाक ‘ाो पूरे देश में
क्या गुल खिलायेगा यह तो समय के गर्भ में हैं परन्तु भोजपुरिया
बेल्ट में इस ‘ाो को लेकर उत्सुकता तो बन ही गयी है। मान गये
आपके दिमाग को !
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